उत्तराखंड के सीमांत क्षेत्र चम्पावत के बनबसा और ऊधमसिंह नगर के खटीमा में 4 अक्टूबर को होने जा रहे दो बड़े आयोजनों ने पूरे कुमाऊं मंडल में प्रशासनिक और राजनीतिक हलचल बढ़ा दी है। बनबसा में राज्य मंत्रिमंडल की महत्वपूर्ण बैठक (कैबिनेट बैठक) और खटीमा में भव्य 'उत्तराखंड आदि रंगोत्सव' के आयोजन को लेकर जिला प्रशासन पूरी तरह एक्शन मोड में आ गया है। इन आयोजनों में मुख्यमंत्री, पूरी राज्य कैबिनेट, शासन के उच्चाधिकारियों के साथ-साथ तीन केंद्रीय मंत्रियों के आगमन का प्रस्तावित कार्यक्रम है, जिसे लेकर तैयारियों को अंतिम रूप दिया जा रहा है।
बनबसा, चम्पावत में चार अक्टूबर को प्रस्तावित कैबिनेट बैठक और खटीमा में आयोजित होने वाले उत्तराखंड आदि रंगोत्सव को लेकर जिला प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। दोनों कार्यक्रमों में कैबिनेट मंत्रियों और शासन के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ तीन केंद्रीय मंत्रियों के भी पहुंचने का कार्यक्रम प्रस्तावित है। इसे देखते हुए प्रशासन ने सुरक्षा, यातायात, प्रोटोकॉल और अन्य व्यवस्थाओं को समय रहते अंतिम रूप देने की कवायद शुरू कर दी है। जिलाधिकारी नितिन सिंह भदौरिया ने शनिवार सुबह कार्यक्रमों की तैयारियों को लेकर नामित नोडल और सह नोडल अधिकारियों की ब्रीफिंग की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि उन्हें जो भी जिम्मेदारी सौंपी गई है, उसका विभागीय स्तर पर समन्वय स्थापित करते हुए धरातल पर समय से क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाए। जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि कार्यक्रमों की तैयारियों में किसी भी स्तर पर लापरवाही नहीं होनी चाहिए और सभी व्यवस्थाएं निर्धारित समय सीमा के भीतर पूरी कर ली जाएं।कार्यक्रमों के सफल संचालन के लिए जिला प्रशासन ने विभिन्न व्यवस्थाओं के लिए वरिष्ठ अधिकारियों को नोडल और सह नोडल अधिकारी नामित किया है। इन अधिकारियों को अपने-अपने विभागों से समन्वय करते हुए व्यवस्थाओं की निगरानी और क्रियान्वयन की जिम्मेदारी दी गई है। डीएम ने कहा कि दोनों महत्वपूर्ण आयोजनों में बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों और अन्य लोगों की मौजूदगी प्रस्तावित है। ऐसे में सभी विभागों के बीच बेहतर तालमेल जरूरी है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि व्यवस्थाओं को केवल कागजी स्तर पर पूरा करने के बजाय मौके पर जाकर उनका परीक्षण भी सुनिश्चित करें, ताकि कार्यक्रम के दौरान किसी प्रकार की अव्यवस्था की स्थिति पैदा न हो। चार अक्टूबर को बनबसा, चम्पावत में प्रदेश मंत्रिमंडल की बैठक प्रस्तावित है। वहीं खटीमा में उत्तराखंड आदि रंगोत्सव का आयोजन किया जाएगा। दोनों कार्यक्रमों को लेकर प्रशासनिक स्तर पर तैयारियों को अलग-अलग स्तर पर आगे बढ़ाया जा रहा है। कैबिनेट बैठक में प्रदेश के मंत्रियों और शासन के वरिष्ठ अधिकारियों की मौजूदगी रहेगी। वहीं केंद्रीय मंत्रियों के प्रस्तावित आगमन को देखते हुए प्रशासन के सामने प्रोटोकॉल और अन्य व्यवस्थाओं को भी सुचारु रखने की जिम्मेदारी है। अधिकारियों को कार्यक्रम स्थलों के साथ ही आवागमन और अन्य जरूरी व्यवस्थाओं पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए गए हैं। डीएम भदौरिया ने सभी संबंधित अधिकारियों से कहा कि वे अपने विभागीय अधिकारियों और कर्मचारियों के साथ लगातार समन्वय बनाए रखें। तैयारियों में सामने आने वाली कमियों को तत्काल दूर किया जाए और अंतिम समय में किसी प्रकार की परेशानी से बचने के लिए सभी व्यवस्थाओं का समय से परीक्षण पूरा किया जाए। उन्होंने अधिकारियों को यह भी निर्देश दिया कि कार्यक्रमों से जुड़े सभी कार्यों की प्रगति पर लगातार नजर रखी जाए। निर्धारित दायित्वों के क्रियान्वयन में किसी प्रकार की देरी होने पर तत्काल उच्चाधिकारियों को अवगत कराया जाए, ताकि समय रहते समाधान किया जा सके। ब्रीफिंग में मुख्य विकास अधिकारी दिवेश शाशनी, अपर जिलाधिकारी पंकज उपाध्याय और कौस्तुभ मिश्रा, संयुक्त मजिस्ट्रेट आशिमा गोयल, डीएफओ यूसी तिवारी, नगर आयुक्त शिप्रा जोशी, एसडीएम ऋचा सिंह सहित सभी संबंधित नोडल और सह नोडल अधिकारी मौजूद रहे। दोनों बड़े आयोजनों को लेकर जिला प्रशासन ने अब तैयारियों को अंतिम चरण में पहुंचाने की दिशा में काम शुरू कर दिया है। अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि कार्यक्रम शुरू होने से पहले सभी व्यवस्थाएं पूरी तरह दुरुस्त और मौके पर जांची हुई होनी चाहिए।

