धामी सरकार का 1.11 लाख करोड़ का बजट पेश, पिछले वर्ष से 10 प्रतिशत अधिक

Blog
 Image

गैरसैंण। उत्तराखंड की ग्रीष्मकालीन राजधानी गैरसैंण के भराड़ीसैंण स्थित विधानसभा भवन में सोमवार से विधानसभा का बजट सत्र शुरू हो गया। सत्र के पहले दिन मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए 1,11,703.21 करोड़ रुपये का बजट सदन में पेश किया, जो पिछले वर्ष की तुलना में लगभग 10 प्रतिशत अधिक है। सत्र की शुरुआत सुबह 11 बजे राज्यपाल के अभिभाषण से हुई, जिसमें राज्य सरकार की नीतियों, पिछले एक वर्ष की प्रमुख उपलब्धियों और आगामी विकास योजनाओं की रूपरेखा प्रस्तुत की गई। राज्यपाल ने अपने संबोधन में सरकार की विभिन्न योजनाओं, विकास कार्यों और भविष्य की प्राथमिकताओं का उल्लेख करते हुए प्रदेश के समग्र विकास की दिशा को सामने रखा।

राज्यपाल के अभिभाषण के बाद विधानसभा अध्यक्ष ऋतु खंडूड़ी भूषण ने सदन की कार्यवाही को आगे बढ़ाते हुए अपने विचार रखे। इसके बाद शाम तीन बजे मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने वित्तीय वर्ष 2026-27 का बजट पेश किया। इस बजट पर प्रदेशभर की निगाहें टिकी हुई थीं, क्योंकि इसे सरकार के आगामी विकास एजेंडे के रूप में देखा जा रहा है। सरकार के बजट में आधारभूत ढांचे के विकास, रोजगार सृजन, पर्यटन को बढ़ावा देने, कृषि क्षेत्र को मजबूत करने, स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार और शिक्षा के क्षेत्र में सुधार जैसे मुद्दों पर विशेष ध्यान दिए जाने की संभावना जताई जा रही है। साथ ही पर्वतीय क्षेत्रों के विकास और युवाओं के लिए नई योजनाओं को भी बजट में प्राथमिकता मिल सकती है। गैरसैंण में आयोजित हो रहा यह बजट सत्र राजनीतिक दृष्टि से भी काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। दरअसल, राज्य सरकार अपने कार्यकाल के चार वर्ष पूरे होने की ओर बढ़ रही है। ऐसे में बजट के माध्यम से सरकार अपनी उपलब्धियों और आगामी योजनाओं को जनता के सामने प्रस्तुत करने का प्रयास कर रही है। वहीं दूसरी ओर बजट सत्र के दौरान विपक्ष द्वारा भी सरकार को विभिन्न जनहित के मुद्दों पर घेरने की संभावना है। बेरोजगारी, महंगाई, विकास कार्यों की गति और क्षेत्रीय असंतुलन जैसे विषयों पर सदन में तीखी बहस होने की उम्मीद जताई जा रही है। कुल मिलाकर गैरसैंण में शुरू हुआ यह बजट सत्र प्रदेश की राजनीति और विकास की दिशा तय करने के लिहाज से अहम माना जा रहा है।